Category : लघु-कथा

कांच से रिश्ते

किसी भी रिश्ते की नींव विश्वास पर टिकी होती है अगर एक बार विश्वास टूट जाये तो वापस कभी नहीं जुड़ता। रिश्तों में दरार आ ही जाती है।...

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सच्चा प्रेम: प्रेमी को पाना नहीं बल्कि प्रेमी...

प्रेम शब्द सुनकर बहुधा प्रेमी-प्रेमिका के ईश्क की ओर ध्यान जाता है । प्यार या प्रेम को परिभाषित करना उतना ही कठिन है , जितना गूंगे...

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सफलता: इसकी राह आसान नहीं, हजारों इम्तिहानों...

सफलता की राह आसान नहीं होती।इस राह मे फूल नहीं,काँटो पर चलना होता है।मन और मस्तिष्क मे एक जुनून पालना होता है....

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सम्मोहन: विश्वास का या अंधविश्वास का

कई बार पढ़े लिखे होने के बावजूद भी लोग अंधविश्वास की खाई में गिरते चले जाते है। ऐसे में उन्हें उनके अंतर्मन के अलावा कोई नहीं बचा...

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भगवान के रूप 

आते ही मुझसे बोली -"भाभी! शिवरात्रि है, मंदिर चलोगी मेरे साथ ? नहीं, मैं नहीं जा पाऊँगी।तुम जानती तो हो ,गोविंद मेरे बिना नहीं रहता......

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मैं हूं ना....

जादू भरे वो तीन शब्द मैं हूं ना जाने कैसा सम्बल दे गए .....

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भाई ...सब जानता है !

हालाकि मैं जानता था कि खेती कई सालों से प्रकृति की मार सह रही है,भाई के परिवार को ही पूरा नहीं पड़ता होगा। स्वार्थी हो गया था मैं, फिर...

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Father's Day Special: पापा की परी हूं मैं,नन्ही...

बेटियां पापा की परी होती है। पिता चाहे जिस भी पोजीशन में हो बेटियों को किसी राजकुमारी से कम नहीं रखते। ये ही भावनाएं समेटी हुई है...

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Father's Day Special: एक विनती पुत्री की,...

जरूरी नहीं की हमेशा एक पिता ही बेटी की चिंता करे, बेटियां भी चिंता करती है पिता की।

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Father's Day Special: पिता की सीख, मेहनत...

कहते है पिता प्रथम शिक्षक होता है । जीवन जीने का सलीका मिलता है पिता से। कैसे पिता ने एक शिक्षक के रूप में बदला अपने शिष्य का जीवन,...

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क्या यह वही है: यादों में दिल खो गया, यूं...

प्यार, जिसको मिल जाए जिंदगी हसीन हो जाती है। जिसको न मिले उसे चाहे सब कुछ मिल जाएं फिर भी कुछ कमी रह जाती है।

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पहला प्यार: अधूरा ही सही,पर है अपने आप में...

जरूरी नहीं है कि प्यार को पाया ही जाए, क्यों न दूर रहकर प्यार को निभाया जाए।

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